उत्तराखंड के चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग में काम कर रहे संबद्ध अधिकारियों और कर्मचारियों को अब अपने मूल तनाती के स्थान पर लौटना होगा. इसको लेकर उत्तराखंड स्वास्थ्य विभाग ने संबद्ध कर्मचारियों की मूल तैनाती के स्थान पर वापस भेजने के निर्देश दिए हैं. इसके साथ ही चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के महानिदेशक ने इस संबंध में आदेश भी जारी कर दिए हैं. जारी आदेश के अनुसार, अधिकारियों/कर्मचारियों को जून 2026 से मूल तैनाती स्थल पर उपस्थिति के आधार पर ही वेतन मिलेगा.
हाल ही में उत्तराखंड स्वास्थ्य मंत्री सुबोध उनियाल ने चिकित्सा शिक्षा, चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, राज्य स्वास्थ्य प्राधिकरण समेत संबंधित विभागों के साथ बैठक की. बैठक के दौरान स्वास्थ्य मंत्री ने स्वास्थ्य से संबंधित सभी विभागों को इस बाबत निर्देश दिए थे कि विभाग में अटैक अधिकारियों और कर्मचारियों को उनके मूल तनाती स्थल पर भेजा जाए. इसके लिए 31 मार्च 2026 तक अटैक सभी कर्मचारियों को मूल तैनाती स्थल पर तत्काल भेजने के लिए कार्य मुक्त कर दें.
स्वास्थ्य मंत्री सुबोध उनियाल के निर्देश के बाद, स्वास्थ्य विभाग ने सभी मंडलीय और जिला स्तरीय अधिकारियों को उनके अधीन संबद्ध अधिकारी एवं कर्मचारी को बिना किसी देरी के अपने मूल कार्यस्थल पर कार्यभार ग्रहण करने को कहा गया है.स्वास्थ्य विभाग की महानिदेशक ने सभी सक्षम प्राधिकारियों और आहरण-वितरण अधिकारियों (Drawing and Disbursing Officers) को निर्देश दिए हैं कि इन आदेशों का कड़ाई से पालन किया जाये. साथ ही सख्त निर्देश दिए गए हैं कि जून 2026 और उसके बाद के महीनों का वेतन, उन सभी संबंधित कर्मचारियों को उनके मूल तैनाती स्थल पर उनकी उपस्थिति के आधार पर ही जारी किया जाएगा.
स्वास्थ्य महानिदेशक की ओर से आदेश जारी होने के साथ ही इसे तत्काल प्रभाव से भी लागू कर दिया गया है. ऐसे में विभाग ने सभी मुख्य चिकित्सा अधिकारियों, चिकित्सा अधीक्षकों, प्रमुख चिकित्सा अधीक्षकों और संबंधित अधिकारियों को आदेश का शत-प्रतिशत पालन करने के निर्देश दिए हैं.